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  • BCCI ने चली नई चाल अब राहुल द्रविड़ की जगह, गैरी कर्स्टन को कोच बनने का दिया ऑफर, आगे हुआ जमकर विवाद

    BCCI ने चली नई चाल अब राहुल द्रविड़ की जगह, गैरी कर्स्टन को कोच बनने का दिया ऑफर, आगे हुआ जमकर विवाद

    BCCI: इंग्लैंड के ओवल मैदान में WTC फाइनल हाल ही में खेला गया. इस फाइनल मैच में टीम इंडिया ने निराशा जनक प्रदर्शन किया है. टीम इंडिया के ख़राब प्रदर्शन की वजह से टीम इंडिया की प्लेइंग 11 समेत कोच पर  भी कई सवाल खड़े किए गए थे. बता दें की, टीम इंडिया इस वक़्त वेस्टइंडीज के टूर की तैयारी कर रही है. ये टूर बेहद ही अहम होने वाला है. आइए आपको बताते हैं की कोच राहुल द्रविड़ की जगह अब कौन लेने जा रहा है.

    BCCI ने राहुल द्रविड़ को किया साइडलाइन, अब नहीं मिलेगा दुबारा मौका

    बता दें की, इस साल भारत वर्ल्ड कप की मेजबानी करने वाला है. भारत के परिपेक्ष से यह साल बहुत ही अहम माना जा रहा है. इसी के साथ बीते मैच का हाल देखते हुए अब BCCI और भी ज्यादा सख्त हो गया है. BCCI किसी भी तरीके से अब समझौता नहीं करना चाहता.

    वही अगर बात राहुल द्रविड़ की हो तो उन्होंने कुछ ख़ास भूमिका नहीं निभाई है अभी तक. रवि शास्त्री से पदभार ग्रहण करने के बाद से राहुल द्रविड़ का भारतीय क्रिकेट टीम के कोच के रूप में दौर कुछ खास नहीं रहा है. नवंबर 2021 के बाद भारतीय टीम ने लगातार टी20 विश्व कप और 2022 एशिया कप में निराशाजनक प्रदर्शन किया. इस अवधि में विराट कोहली की कप्तानी का विवाद भी सामने आया.

    इस कोच ने ठुकरा दिया ऑफर

    मीडिया रिपोर्ट्स की माने तो अब BCCI ने नए कोच के तौर पर गैरी कर्स्टन का नाम सामने रखा था. लेकिन गैरी कर्स्टन ने यह ऑफर ठुकरा दिया है. हालाँकि, वह भारत के हेड कोच के पद पर साल 2008 से 2011 के बीच काबिज थे. लेकिन अभी उन्होंने यह ऑफर को मना कर दिया है.

    गैरी कर्स्टन को सबसे ज्यादा प्रशंसा तब मिली जब भारत ने धोनी की कप्तानी में शानदार 2011 का टूर्नामेंट जीता था. राहुल द्रविड़ जबसे कोच बने हैं तबसे टीम इंडिया को कुछ खास उपलब्धि हासिल नहीं हुई है.

     

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  • टीम इंडिया को WORLD CUP 2011 जीताने वाले दिग्गज ने कहा तेंदुलकर और विराट के साथ नहीं हो सकती शुभमन गिल की तुलना

    टीम इंडिया को WORLD CUP 2011 जीताने वाले दिग्गज ने कहा तेंदुलकर और विराट के साथ नहीं हो सकती शुभमन गिल की तुलना

    शुभमन गिल का प्रदर्शन बहुत ही शानदार था. आईपीएल में उन्होंने शतकीय पारियां खेली हैं. उनका गेम देख कर लोग उनकी तुलना सचिन और विराट से कर रहे थे. साथ ही उनको विराट का उत्तराधिकारी भी कह रहे हैं. विराट का बल्ला भले ही बीते कुछ महीनो में ना चला हो लेकिन उन्होंने इसके भले बहुत से ऐसे रिकॉर्ड बनाए हैं जिनको अच्छे-अच्छे बल्लेबाज़ नहीं बना सकते.

    शुभमन गिल को लेकर इस व्यक्ति ने दिया बड़ा बयान

    इस आईपीएल गुजरात भले ही फाइनल न जीता हो. लेकिन गिल के बल्ले ने सभी को चौंका दिया. शुभमन गिल को दूसरा विराट कोहली कहा जा रहा है. ना सिर्फ इंडियन बल्कि पाकिस्तानी व्यक्ति भी यही कहते हैं की गिल अब विराट के उत्तराधिकारी हैं.

    बता दें की, गुजरात टाइटन्स के कोच गैरी कर्स्टन ने शुभमन गिल के सचिन तेंदुलकर और विराट कोहली के साथ तुलना को लेकर एक बड़ा बयान दिया है. गैरी कर्स्टन ने कई बाते कही हैं. जिसको लेकर अब सोशल मीडिया पर कई तरह की प्रतिक्रिया आ रही हैं.

    गैरी कर्स्टन के बयान के बाद आए ये रिएक्शन

    गैरी कर्स्टन के बयान के बाद से लोगो के खूब रिएक्शन आ रहे हैं. उन्होंने कहा है की,

    “वह एक युवा खिलाड़ी हैं, जिसके पास दुनिया के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों में से एक होने के लिए अविश्वसनीय कौशल और दृढ़ संकल्प है. शुरुआत में इतनी जल्दी सचिन और विराट से उसकी तुलना करना अनुचित होगा.”

    जानकारी के लिए बता दें की, शुभमन गिल 17 मैचों में 59.33 के औसत और 157.80 के स्ट्राइक रेट से 890 रन बनाए हैं. वें 2016 में विराट कोहली के 973 रन के बाद एक आईपीएल सीज़न में सर्वाधिक रन वाले बल्लेबाज बने हैं. उनके परफॉरमेंस की खूब तारीफ हो रही है.

     

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  • इन 5 दिग्गजों ने दर्द में होते हुए भी नहीं छोड़ा टीम का साथ, चोटिल होते हुए भी जारी रखा मैदान पर खेल!

    इन 5 दिग्गजों ने दर्द में होते हुए भी नहीं छोड़ा टीम का साथ, चोटिल होते हुए भी जारी रखा मैदान पर खेल!

    क्रिकेट (Cricket) के खेल में खिलाड़ी अपनी प्रतिभा साबित करने के लिए एड़ी चोटी का जोर लगा देता है। इतना ही नहीं कई बार तो खिलाड़ी अपनी जान की फ़िक्र किए बिना बेहतर प्रदर्शन करने की कोशिश में चोटिल भी हो जाते हैं। खेल कोई भी हो प्लेयर्स का चोट से पुराना रिश्ता है । हमे अक्सर ऐसा देखने को मिलता है जब खिलाड़ी को गेंद लग जाये या फील्डिंग के दौरान वो गिर जाये।

    जिसके बाद उन्हें गंभीर चोटों से जूझना पड़ता है।वहीं कुछ ऐसे खिलाड़ी भी देखे गए है जिन्होंने मैच के दौरान अपनी जान भी गंवाई है। हालांकि कुछ ऐसे भी दिग्गज देखने को मिले हैं जो दर्द में होने के बावजूद भी अपने टीम का साथ नहीं छोड़ते हैं, और मैच में अंत तक अपना सहयोग देते हैं ।आज हम आपको बताएंगे ऐसे ही कुछ विशेष खिलाड़ियों के बारे में जिन्होंने दर्द में भी अपना खेल अधूरा नहीं छोड़ा।

    1.बर्ट सटक्लिफ

    इस लिस्ट में सबसे पहले नंबर पर आते हैं बर्ट सटक्लिफ  (Bert Sutcliffe), जिन्होंने जोहान्सबर्ग में दक्षिण अफ्रीका बनाम न्यूजीलैंड के बीच खेले गए मुकाबले में ऐसा सहस दिखाया जिससे लोग भावुक हो गए। इन्होने विषम परिस्तिथि में भी अपने टीम का साथ न छोड़ कर ये साबित कर दिया की इनका अपने देश के प्रति कितना प्यार है।

    सन 1953-54 में खेला गया यह मैच क्रिकेट इतिहास के सबसे भावनात्मक मैच में से एक है।  जहां दक्षिण अफ्रीका ने 132 रन से मैच जीता, लेकिन जोहान्सबर्ग में वे दुर्भाग्यपूर्ण टेस्ट क्रिकेट प्रेमियों और समर्थकों के लिए साहस और लगन की मिसाल बन गयी, दरअसल न्यूजीलैंड में एक दुखद ट्रेन दुर्घटना की खबर आई, जिसमें युवा कीवी क्रिकेटर बॉब ब्लेयर की मंगेतर की जान चली गयी थी।

    इस दौरान, एडकॉक और आयरनसाइड में तेज बाउंसरों में से एक ने अपने सिर के किनारे पर नए पहुंचे बर्ट सटक्लिफ को मारा। सटक्लिफ गिनती के लिए नीचे था और उसे अस्पताल ले जाना पड़ा। हालांकि उन्हें पूरी तरह से आराम करने की सलाह दी गई और उन्हें वापस मैदान पर भेज दिया गया। वहीं अपने साथी न्यूजीलैंड के बल्लेबाजों का विकेट लगातार गिरते हुए देखकर, सटक्लिफ ने अपनी पारी को फिर से शुरू करने का फैसला किया।

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  • IPL 2022: 3 साल पहले आशीष नेहरा-गैरी कर्स्टन को इस टीम ने नौकरी से किया था बाहर, आज मान रहे है दोनों का लोहा

    IPL 2022: 3 साल पहले आशीष नेहरा-गैरी कर्स्टन को इस टीम ने नौकरी से किया था बाहर, आज मान रहे है दोनों का लोहा

    आईपीएल 2022 का 15वां सीजन बीती रात को खत्म हो गया है। इस सीजन में डेब्यू करने वाली गुजरात टाइटंस (Gujarat Titans) की टीम ने आईपीएल की चमचमाती ट्रॉफी अपने नाम किया। गुजरात टाइटंस (Gujarat Titans) ने बीती रविवार को अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम (Narendra Modi Stadium) में खेले गए मैच में राजस्थान रॉयल्स (RR) को सात विकेट से मात देकर जीत हासिल की। हार्दिक पंड्या (Hardik Pandya) की कप्तानी में टीम ने एक साथ मिलकर दमदार खेल दिखाया लेकिन मैदान पर खिलाड़ियों की जुगलबंदी ने टीम की खिताब दिलाने में जितनी बड़ी भूमिका निभाई उतना ही हाथ टीम के सपोर्ट स्टाफ का रहा।

    खासकर गैरी कर्स्टन (Gary Kirsten) और कोच आशीष नेहरा (Ashish Nehra) का। इन दोनों की जोड़ी ने मैदान के बाहर से टीम को खिताब दिलाने में बड़ा रोल निभाया और टीम के खिलाड़ियों ने भी इस बात को कबूल किया। ये वही जोड़ी है जिसे रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर (RCB) ने साल 2019 के सीजन से पहले बाहर का रास्ता दिखा दिया था। लेकिन इस जोड़ी ने नई टीम के साथ नई इबारत लिखी और नई नवेली टीम को खिताब दिलाया।

    RCB ने गैरी कर्स्टन और आशीष नेहरा को दिखाया था बाहर का रास्ता

    आरसीबी ने साल 2018 के बाद आशीष नेहरा (Ashish Nehra) को गेंदबाजी कोच और कर्स्टन (Gary Kirsten) को बल्लेबाजी कोच नियुक्त किया था। लेकिन अगले सीजन से पहले ही इन दोनों को बाहर का रास्ता दिखा दिया गया था। आरसीबी के खेल में हालांकि इसके बाद भी बदलाव नहीं आया और वो खिताब नहीं जीत सकी लेकिन नेहरा और कर्स्टन ने आईपीएल-2022 में नई टीम के साथ इस लीग में वापसी की और टीम को विजेता बनाकर ही दम लिया।

    हार्दिक पंड्या ने की जमकर तारीफ

    गैरी कर्स्टन (Gary Kirsten) के पास कोचिंग का काफी अनुभव है। वह भारतीय टीम के कोच भी रह चुके हैं। उनके रहते ही टीम ने 2011 में विश्व कप जीता था। कर्स्टन के बारे में कहा जाता है कि वह खिलाड़ियों को खुलकर खेलने देते हैं और आत्मविश्वास बढ़ाते हैं। आशीष नेहरा का अंदाज बेफ्रिक है। वह न ज्यादा दबाव लेते हैं और न ही अपने खिलाड़ियों पर दबाव बनाते हैं। इन दोनों का टीम की सफलता में क्या योगदान रहा है कि इसका मैच के बाद कप्तान पंड्या (Hardik Pandya) के बयान से समझा जा सकता है। पंड्या ने कहा कि,

    “जिस तरह का समर्थन सपोर्ट स्टाफ ने हमें दिया वो शानदार था। मैं और आशू पा सोचने के मामले में एक जैसे हैं। हम चाहते थे कि हमारे पास ऐसे गेंदबाज हो जो हमें टी20 में जीत दिला सकें। आशीष नेहरा से लेकर अशाष कपूर, गैरी, सफलता का श्रेय इन्हें जाता है।”

  • IPL 2022 FINAL, GT vs RR: गुजरात टाइटंस को चैंपियन बनाने के बाद बल्लेबाज़ी कोच गैरी कर्स्टन ने नीलामी के वक़्त की रणनीति का किया खुलासा

    IPL 2022 FINAL, GT vs RR: गुजरात टाइटंस को चैंपियन बनाने के बाद बल्लेबाज़ी कोच गैरी कर्स्टन ने नीलामी के वक़्त की रणनीति का किया खुलासा

    आईपीएल 2022 (IPL 2022) का फाइनल मुकाबला आज 1 लाख 25 हजार दर्शको के साथ अहमदाबाद के नरेंद्र मोदी स्टेडियम में खेला गया। जिसमें गुजरात टाइटंस (GUJRAT TITANS) और राजस्थान रॉयल्स (RAJSTHAN ROYALS) की टीम आमने-सामने थी। संजू सैमसन (SANJU SAMSON) ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया था। जिसके बाद राजस्थान रॉयल्स (RR) की टीम ने 20 ओवरों में मात्र 130 रन बनाए। ़

    लक्ष्य का पीछा गुजरात टाइटंस (GT) की टीम ने 7 विकेट से कर लिया। गुजरात की इस शानदार जीत के बाद बल्लेबाज़ी कोच गैरी कर्स्टन ने क्या कहा आइये जानते है।

    जीत के बाद गुजरात टाइटंस के बल्लेबाज़ी कोच गैरी कर्स्टन

    गुजरात टाइटंस (GT) के बल्लेबाज़ी कोच गैरी कर्स्टन ने गुजरात को मिली शानदार जीत के बाद बताया कि किसी भी आईपीएल टीम के लिए टीम का संतुलन बनाना कितना ज़रूरी होता है। हमेशा हर मैच के लिए खिलाडियों को तैयार करना कितना ज़रूरी होता है। मैच के गैरी कर्स्टन ने कहा कि,

    “नीलामी में कई लोग टीम संतुलन और गहराई की बात करते हैं, लेकिन हमारी टीम में विविधता थी। हमारे पास आक्रामक गेंदबाज़ी क्रम था और आख़िरी मैच में तो हमारे पास एक अतिरिक्त गेंदबाज़ हो गए। हार्दिक एक सीखने वाले कप्तान हैं। उन्होंने जिम्मेदारी लेते हुए बल्लेबाज़ी और गेंदबाज़ी की। आशीष (नेहरा) के साथ भी काम करना सुखद रहा। एक लाख लोगों के सामने पहले ही सीज़न में ख़िताब जीतना अविश्वसनीय है।”

    गुजरात टाइटंस (GT) के कप्तान हार्दिक पंडया पर बल्लेबाज़ी कोच गैरी कर्स्टन ने कहा कि,

    “वह शानदार रहे हैं, मैंने उनके साथ काम करते हुए देखा है। वह भारत में एक हाई-प्रोफाइल खिलाड़ी है, लेकिन वह अविश्वसनीय रूप से विनम्र है, एक कप्तान के रूप में सीखना चाहते है और अपने खिलाड़ियों के साथ जुड़ना चाहते है जो कि वास्तव में ज़रूरी है।

    उन्होंने युवाओं की मदद करने की भरपूर कोशिश की है, वह इस टीम के कप्तान के रूप में एक अलग जिम्मेदारी निभाई है। एक कोच के रूप में आप कभी भी सीखना बंद नहीं करते हैं, हर आईपीएल सीखने का अनुभव होता है, जिसका मुझे आनंद मिलता है।”