भारतीय युवा तेज़ गेंदबाज उमरान मलिक (UMRAN MALIK) ने आईपीएल में अपने हुनर का लोहा मनवाकर भारतीय टीम में जगह पा ली हैं। उमरान जल्द ही भारत (INDIA) और साऊथ अफ्रीका (SOUTH AFRICA) के बीच होने वाले टी-20 सीरीज में भारत का प्रतिनिधित्व करते दिखाई देंगे। उमरान अपनी 150 किमी बॉलिंग की स्पीड से पूरे दुनिया में काफी मशहूर हो गए हैं।
उमरान से एक इंटरव्यू में पूछा गया कि क्या वो चाहते हैं कि उनके माता-पिता फल बेचना छोड़ दे। इस पर उमरान ने अपने जवाब से दिल जीत लिया हैं। आइए आपको बताते हैं कि उमरान ने क्या कहा हैं-
हम जहां रहेंगे वहीं से उठेंगे- उमरान मलिक
आईपीएल 2021 के दूसरे हॉफ में उमरान ने सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ डेब्यू किया था। डेब्यू मैच में ही उमरान ने सबको अपने गेंदबाजी के स्पीड से चौंका दिया। आईपीएल 2022 में उमरान 150 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से गेंदबाजी करते नज़र आए। उमरान ने हाल ही में अपने परिवार के व्यवसाय को लेकर इंडियन एक्सप्रेस को एक इंटरव्यू दिया जिसमें उनके जवाब ने दिल ही जीत लिया।
” पिछले 70 सालों से यही हमारा पारिवारिक व्यवसाय है। मेरे दादा, पिता और चाचा इस पर काम कर रहे हैं। ऐसा नहीं है कि अगर मैं भारत के लिए खेल रहा हूं तो मेरे पिता काम करना बंद कर देंगे। मेरे पिता हमेशा मुझसे कहते हैं कि हम वहीं रहेंगे जहां से हम उठे हैं। मैं एक औसत परिवार से आता हूं। मैं बहुत खुश हूं कि मैंने अपने पिता को गौरवान्वित किया है।”
मेरे खेल के लिए माता-पिता ने सपोर्ट किया हैं- उमरान मलिक

उमरान मलिक ने आगे बात करते हुए उनके खेल को किस तरह से उनके परिवार ने सपोर्ट किया इस पर बात करते हुए कहा कि-
” मुझे शुरू से ही तेज गेंदबाजी पसंद थी। जब मैं छोटा था, मैं घर पर प्लास्टिक की गेंद से खेलता था और कांच की खिड़कियां तोड़ने के लिए मुझे डांटा जाता था। लेकिन फिर भी, मेरी माँ मुझे खेलने से नहीं रोकती थी और कहती थी, ‘खेल, तोड़’।”
उमरान मलिक ने आगे कहा-
“मुझे क्रिकेट खेलने के लिए मेरे माता-पिता और बहनों ने काफी सपोर्ट किया हैं. खासकर बहनों ने मुझे अधिक सपोर्ट किया. मैं जानता था कि अगर मैं माता-पिता से कहूंगा कि मैं खेलने जा रहा हू, तो वह मुझे कभी भी अनुमती देने से मना नहीं करते थे. मैं जब तक क्रिकेट खेल कर वापस नहीं आ जाता था. जब तक वह अपने कमरे में सोने नहीं जाते थे, और फिर मैं अपनी बहनों से कहता था प्लीस दरवाजा खोलो”
